सभी धर्म को छोड़
अपने-अपने विचार से कुछ लोग श्रीमद् भागवत गीता के ऊपर प्रश्न उठते हैं। एक बहुत ही चर्चित श्लोक है “सर्वधर्मान्परित्यज्य मामेकं शरणं व्रज।” सभी धर्म का परित्याग करो और मेरी शरण में आ जाओ। इसका अर्थ वे बताते हैं “सभी धर्म को छोड़कर कृष्ण का धर्म मान लो।” उस समय हिंदू, मुस्लिम, क्रिश्चियन इत्यादि कोई […]